कविता - आ गई मां शेरावाली - HUMSAFAR MITRA NEWS

Advertisment

Advertisment
Sarkar Online Center

Breaking

Followers


Youtube

Friday, October 16, 2020

 

आ गई माँ शेरोवाली

    'हमसफर मित्र न्यूज'।   

आ गई मां शेरोवाली, 

सबकी दुख मिटाने को।

अन्नदायिनी,अन्नपूर्णा हो,

तू स्नेह भरी भवानी हो।

मां है मेरे शेरोवाली, 

शान है मां की बड़ी निराली।

किसी से क्या घबराना जब सर पर,

मां शेरवानी का हाथ हो।

जो मां दुर्गा का सच्चे मन से करे,

उपासना उसके कटे कलेश,

श्रध्दा भाव कभी कम ना करना,

दुःख में हँसना गम ना करना।

मां दुर्गा के कदम आपके घर में आएं,

आप खुशहाली से नहाएं।

आंसू भरी आंखों से किस विधि दर्शन पाऊं माँ,

माँ मेरे संताप भरा है मैं कैसे मुस्काऊं माँ।

आजा एक बार माँ पुत्र ये पुकारता,

आने को तेरे माँ नित बाट में निहारता।

आ गई माँ शेरोवाली, 

सबकी दुख मिटाने को।



परमानंद निषाद "प्रिय"
ग्राम- निठोरा,पोस्ट- थरगांव
तहसील- कसडोल,जिला- बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़)
ईमेल आईडी- Sachinnishad343@gmail.com

No comments:

Post a Comment